8th Pay Commission 2026: 8वें वेतन आयोग को लेकर केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के बीच काफी चर्चा है। हर कोई यह जानना चाहता है कि नए वेतन आयोग के लागू होने पर सैलरी और पेंशन में कितनी बढ़ोतरी हो सकती है और इसका फायदा कब से मिलेगा। महंगाई के इस दौर में वेतन और भत्तों में बदलाव कर्मचारियों के लिए अहम है। हालांकि, अभी यह समझना जरूरी है कि सरकार की ओर से क्या आधिकारिक जानकारी दी गई है और किन बातों पर अभी फैसला आना बाकी है।
8th Pay Commission का गठन कब हुआ?
केंद्र सरकार ने 28 अक्टूबर 2025 को 8वें केंद्रीय वेतन आयोग के Terms of Reference यानी कार्यक्षेत्र को मंजूरी दी थी। इसके बाद 3 नवंबर 2025 को आयोग का औपचारिक गठन किया गया। आयोग को अपनी सिफारिशें तैयार करने और सरकार को सौंपने के लिए गठन की तारीख से 18 महीने का समय दिया गया है। इस हिसाब से रिपोर्ट मई 2027 के आसपास आने की उम्मीद है। जरूरत पड़ने पर आयोग बीच में अंतरिम रिपोर्ट भी दे सकता है।

8th Pay Commission में कितनी बढ़ सकती है सैलरी?
कर्मचारियों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही है कि 8वें वेतन आयोग के लागू होने के बाद उनकी सैलरी कितनी बढ़ेगी। फिलहाल सरकार ने वेतन में बढ़ोतरी का कोई आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं किया है। सैलरी में बदलाव का अंदाजा लगाने के लिए फिटमेंट फैक्टर को समझना जरूरी है।
फिटमेंट फैक्टर एक ऐसा गुणक होता है, जिसकी मदद से पुराने बेसिक वेतन को नए बेसिक वेतन में बदला जाता है। 7वें वेतन आयोग में 2.57 का फिटमेंट फैक्टर लागू किया गया था, जिसके बाद न्यूनतम बेसिक सैलरी 7,000 रुपये से बढ़कर 18,000 रुपये हो गई थी। अब कर्मचारी संगठनों की नजर 8वें वेतन आयोग के फिटमेंट फैक्टर पर है। हालांकि, अभी 2.0, 2.25 या 2.57 जैसे अलग-अलग आंकड़े केवल अनुमान और चर्चाओं का हिस्सा हैं। इनमें से किसी को भी सरकार की ओर से मंजूरी नहीं मिली है।
पेंशनर्स को भी मिलेगा फायदा?
8वें वेतन आयोग का असर केवल नौकरी कर रहे केंद्रीय कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहेगा। आयोग के दायरे में रिटायरमेंट से जुड़े लाभ भी शामिल हैं। इसलिए मौजूदा पेंशनर्स और पारिवारिक पेंशन पाने वाले लोगों को भी इसकी सिफारिशों से फायदा मिल सकता है। हालांकि, पेंशन में कितनी बढ़ोतरी होगी और इसकी गणना किस तरीके से की जाएगी, इस पर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है।
8th Pay Commission कब से लागू होगा?
सरकार ने अक्टूबर 2025 में बताया था कि पिछले वेतन आयोगों के लगभग 10 साल के सामान्य अंतराल को देखते हुए 8वें वेतन आयोग की सिफारिशों का प्रभाव 1 जनवरी 2026 से अपेक्षित हो सकता है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि इसी तारीख से बढ़ी हुई सैलरी मिलनी शुरू हो जाएगी। 10 अगस्त 2026 को लोकसभा में दिए गए वित्त मंत्रालय के जवाब के मुताबिक, आयोग ने उस समय तक अपनी सिफारिशें सरकार को नहीं सौंपी थीं। इसलिए वास्तविक लागू होने की तारीख और एरियर को लेकर अभी आधिकारिक आदेश का इंतजार है।
कर्मचारियों को अभी क्या करना चाहिए?
फिलहाल केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स को आयोग की आधिकारिक घोषणाओं पर नजर रखनी चाहिए। फिटमेंट फैक्टर, न्यूनतम बेसिक सैलरी, पेंशन में बढ़ोतरी और एरियर से जुड़ी जानकारी तभी पक्की मानी जानी चाहिए, जब आयोग अपनी सिफारिशें सौंप दे और सरकार उन्हें मंजूरी देकर आधिकारिक आदेश जारी करे।
कुल मिलाकर, 8वें वेतन आयोग की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है, लेकिन सैलरी और पेंशन में वास्तविक बढ़ोतरी कितनी होगी, यह अभी तय नहीं है। कर्मचारियों को फिलहाल किसी भी वायरल सैलरी कैलकुलेशन या फिटमेंट फैक्टर के दावे को अंतिम सरकारी फैसला नहीं समझना चाहिए।